डीपीआईआईटी ने कार्यालयों में स्वच्छता को संस्थागत रूप देने और लंबित मामलों को कम करने के लिए विशेष अभियान 6 का क्रियान्वयन किया
दिल्ली विद्युत प्रसारण निगम (डीपीआईआईटी) ने कार्यालयों में स्वच्छता प्रबंधन को स्थायी रूप देने और लंबित शिकायतों को निपटाने के लिए 'विशेष अभियान 6' का क्रियान्वयन किया है, जिसमें नियमित निरीक्षण और कर्मचारी तैनाती पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है।
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दिल्ली में विद्युत सेवाओं की गुणवत्ता और कार्यालयीन दक्षता को सुधारने की दिशा में डीपीआईआईटी ने एक महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए 'विशेष अभियान 6' की शुरुआत की है। इस अभियान का मुख्य उद्देश्य कार्यालयों में स्वच्छता को केवल एक अस्थायी कार्य नहीं, बल्कि एक संस्थागत मानदंड के रूप में स्थापित करना है। साथ ही, इस अभियान के तहत लंबित मामलों की संख्या को कम करने और उपभोक्ताओं की शिकायतों को समय पर निपटाना भी प्राथमिकता रखी गई है।
डीपीआईआईटी के प्रबंधन ने इस अभियान के क्रियान्वयन के लिए एक समन्वित योजना बनाई है, जिसमें कार्यालय स्तर पर स्वच्छता की जिम्मेदारी को स्पष्ट रूप से निर्धारित किया गया है। अब हर विभाग और कार्यालय में स्वच्छता को बनाए रखने के लिए नियमित निरीक्षण की प्रक्रिया को सख्त किया गया है। कर्मचारियों को सतत स्वच्छता के प्रति जागरूक किया जा रहा है ताकि वे अपने कार्यक्षेत्र को न केवल स्वच्छ रखें, बल्कि दुर्गंध और कचरे के निर्यात को रोक सकें। प्रबंधन ने स्पष्ट किया है कि स्वच्छता अब कोई विकल्प नहीं, बल्कि हर कर्मचारी की ज़िम्मेदारी है, और इसके उल्लंघन पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
इसके अलावा, अभियान का दूसरा प्रमुख पहलू लंबित मामलों (pending cases) का समाधान है। पिछले कुछ समय से उपभोक्ताओं की ओर से यह शिकायत आ रही थी कि कई रूटीन और आपातकालीन मामले लंबित रह जाते थे। विशेष अभियान 6 के तहत अब डीपीआईआईटी ने लंबित मामलों की एक विस्तृत सूची तैयार की है और उन्हें प्राथमिकता के आधार पर निपटाने के लिए अलग टीमों का गठन किया है। प्रबंधन का लक्ष्य है कि आने वाले हफ्तों में लंबित मामलों की संख्या में उल्लेखनीय गिरावरी लाई जाए और सेवा प्रदायन की गति में सुधार आए।
डीपीआईआईटी के अधिकारियों ने बताया कि यह अभियान केवल एक समयबद्ध पहल नहीं, बल्कि संगठन के बीच एक नया संस्कृति का निर्माण करने का प्रयास है। स्वच्छ और व्यवस्थित कार्यालयों में काम करने से कर्मचारियों की उत्पादकता बढ़ती है, जो सीधे तौर पर उपभोक्ता सेवाओं पर सकारात्मक प्रभाव डालती है। साथ ही, लंबित मामलों का निपटान करने से उपभोक्ताओं का भरोसा भी बहाल होगा। प्रबंधन ने सभी क्षेत्रीय कार्यालयों को निर्देश दिए हैं कि वे इस अभियान के अंतर्गत नियमित रिपोर्टिंग करें और किसी भी बाधा पर तुरंत प्रबंधन को सूचित करें।
विशेष अभियान 6 की सफलता के लिए डीपीआईआईटी ने कठोर निगरानी तंत्र भी लागू किया है। हर हफ्ते प्रगति की समीक्षा की जाएगी और उन कार्यालयों जिनमें स्वच्छता या मामलों के निपटान में विलंब होगा, उनके खिलाफ आवश्यक प्रशासनिक कार्रवाई की जाएगी। इस संयुक्त प्रयास से अपेक्षा की जा रही है कि दिल्ली के विद्युत उपभोक्ताओं को न केवल समय पर बेहतर सेवा मिलेगी, बल्कि डीपीआईआईटी के कार्यालय भी एक स्वच्छ और पारदर्शी वातावरण के तौर पर पहचाने जाएंगे। प्रबंधन का दावा है कि यह पहल शहरी प्रशासन और सेवा क्षेत्र के लिए एक उदाहरण पेश करेगी।